G7 देशों का बड़ा Energy Plan

तेल और डीजल की बढ़ती कीमतों के बीच G7 देशों ने अपने आपातकालीन भंडार से 10 करोड़ बैरल ईंधन जारी करने पर सहमति जताई है।

अमेरिका के दबाव के बाद बनी सहमति

अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने यूरोपीय देशों से डीजल भंडार बाजार में लाने की अपील की थी। इसके बाद G7 ने साझा योजना पर सहमति बनाई।

20 दिनों में आएगा डीजल

योजना के तहत ईंधन जारी करने की प्रक्रिया तुरंत शुरू होगी और चार महीने चलेगी। शुरुआती 20 दिनों में बड़ी मात्रा में डीजल बाजार तक पहुंचाया जाएगा।

Iran War से बिगड़ी Fuel Supply

ईरान युद्ध और खाड़ी क्षेत्र में बाधित सप्लाई ने तेल बाजार पर दबाव बढ़ाया है। यूरोप में अमेरिकी डीजल पर निर्भरता भी बढ़ी है।

Export Ban पर भी बनी सहमति

G7 देशों ने आपस में ऊर्जा उत्पादों के निर्यात पर पाबंदी नहीं लगाने का संकल्प लिया है। इससे अंतरराष्ट्रीय सप्लाई में रुकावट कम करने की कोशिश होगी।

क्या सस्ता होगा पेट्रोल-डीजल?

भंडार से ईंधन आने पर कीमतों को राहत मिल सकती है, लेकिन असर सप्लाई और बाजार की स्थिति पर निर्भर करेगा। IEA इस योजना की निगरानी करेगा।